Month: July 2019

एतिबार | Ektarfa Pyaar

  उनकी ख़ामोशी पे इतना एतिबार किया, उनकी ना का भी उम्र भर इंतिज़ार किया ।

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ज़ुल्फ़ | Romantic Shayari

हवा भी बचकर निकलती है, उनके आरिज़ पे जब ज़ुल्फ़ गिरती है ।

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तदबीर | Urdu Couplet

मिरे हर ख़्याल की तस्वीर तू है, दिल के ज़ख्मों की तदबीर तू है, लाख दिल को समझाया मगर, मिरे टूटे ख़्वाबों की तकदीर तू है ।

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इंतिज़ार | Hindi Poetry

उनके घर से निकलने के इंतिज़ार में है, “मैं” नहीं मेरा इंतिज़ार तेरे प्यार में है ।

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आरिज़ | Urdu Shayari

अब बात आगे भी तो कैसे बढ़ाएं, वो पहले अपने आरिज़ से गेसू तो हटाएं ।

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