Day: February 24, 2019

ज़िंदा | Hindi Poetry

यूँ तो जी रहा हूँ मगर, गले में यादों का फंदा है, मैं जिस पे मर गया, वो मिरे बग़ैर ज़िंदा है ।

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आसाँ मौत | अधूरा प्यार

जो माँगते थे दुआ आसाँ मौत की, उन्होंने उसे मुस्कुराहतें हुए देख लिया ।

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